
दिल्ली पुलिस ने कटोरिया, बांका में साइबर अपराधियों के ठिकानों पर छापेमारी कर दो आरोपियों संतोष कुमार यादव और रमेश यादव को गिरफ्तार किया। यह कार्रवाई प …और पढ़ें
दिल्ली पुलिस का बांका में बड़ा एक्शन, 2 साइबर ठग अरेस्ट (AI Generated Image)
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संवाद सूत्र, कटोरिया (बांका)। साइबर ठगी को लेकर नई दिल्ली के पश्चिमी जिला साइबर थाना की टीम ने गुरुवार को कटोरिया पुलिस के सहयोग से साइबर अपराधियों के ठिकानों पर छापामारी की। इस दौरान पपरेवा गांव निवासी प्रमोद यादव के पुत्र संतोष कुमार यादव तथा हिंडोलावरण गांव निवासी सुरेंद्र यादव के पुत्र रमेश यादव को गिरफ्तार कर लिया गया।
हालांकि, गिरोह का मास्टरमाइंड और उसके अन्य सहयोगी पुलिस के पहुंचने से पहले ही फरार हो गए। उनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार छापामारी की जा रही है।
पुलिस के अनुसार, मामला पश्चिमी दिल्ली साइबर थाना में दर्ज साइबर ठगी के एक मामले से जुड़ा है। आरोपितों ने एक व्यक्ति के मोबाइल पर एपीके फाइल भेजी थी।
फाइल डाउनलोड करते ही मोबाइल का नियंत्रण साइबर अपराधियों के पास पहुंच गया और उन्होंने पीड़ित के बैंक खाते से 1.27 लाख रुपये की अवैध निकासी कर ली। पीड़ित की शिकायत पर पश्चिमी दिल्ली साइबर थाना में कांड दर्ज कर जांच शुरू की गई।
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तकनीकी अनुसंधान और बैंक खातों के लेन-देन की जांच के दौरान बांका जिले के कुछ युवकों की संलिप्तता सामने आने पर सब-इंस्पेक्टर टी. सिंघम के नेतृत्व में दिल्ली पुलिस की टीम बांका पहुंची। यहां कटोरिया पुलिस के सहयोग से कटोरिया और सुइया थाना क्षेत्र के कई गांवों में एक साथ छापामारी की गई।
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पुलिस ने बताया कि छापामारी के दौरान गिरफ्तार संतोष कुमार यादव ने दरवाजा खोलने से पहले ही किसी माध्यम से अपने साथियों को पुलिस आने की सूचना दे दी। इससे गिरोह का मास्टरमाइंड और अन्य सदस्य मौके से फरार हो गए। पुलिस का मानना है कि सूचना लीक नहीं होती तो गिरोह के कई और सदस्य गिरफ्तार हो सकते थे।
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जांच में यह भी सामने आया है कि संतोष कुमार यादव साइबर ठगी से प्राप्त रकम को विभिन्न बैंक खातों में ट्रांसफर कराने और नकदी निकासी कराने की जिम्मेदारी निभाता था। पुलिस उसके मोबाइल फोन, बैंक खातों, डिजिटल डिवाइस और अन्य तकनीकी साक्ष्यों की जांच कर पूरे नेटवर्क का पता लगाने में जुटी है।


